Jump to content

Translations:Kuthumi/12/hi: Difference between revisions

no edit summary
No edit summary
No edit summary
 
Line 1: Line 1:
पायथागोरस एक परदे के पीछे से गुप्त भाषा में व्याख्यान देते थे - उनके शब्दों का सार केवल उच्च श्रेणी के शिष्य ही समझ सकते थे। उनका मानना था कि संख्या ही सृष्टि का रूप (form) है और सार (essence) भी। उन्होंने यूक्लिड ज्यामिति (Euclid’s geometry) के मुख्य भागों की रचना की और कई खगोलीय विचारों (astronomical ideas) पर काम किया जिन पर बाद में कोपरनिकस (Copernicus) की परिकल्पनाएँ सामने आईं। पायथागोरस से प्रभावित होकर क्रोटोना के लगधग दो हजार नागरिकों ने अपनी पारंपरिक जीवनशैली छोड़ कर तीन सौ लोगों की समिति (Council of Three Hundred) के  द्वारा पायथागॉरियन समुदाय का निर्माण किया। इस समिति ने सरकारी, वैज्ञानिक और धार्मिक संस्थान के मार्ग दर्शन से कार्य किया जिसने बाद में मैग्ना ग्रीसिया (Magna Grecia) को बहुत  प्रभावित किया।
पायथागोरस एक परदे के पीछे से गुप्त भाषा में व्याख्यान देते थे - उनके शब्दों का सार केवल उच्च श्रेणी के शिष्य ही समझ सकते थे। उनका मानना था कि संख्या ही सृष्टि का रूप (form) है और सार (essence) भी। उन्होंने यूक्लिड ज्यामिति (Euclid’s geometry) के मुख्य भागों की रचना की और कई खगोलीय विचारों (astronomical ideas) पर काम किया जिन पर बाद में कोपरनिकस (Copernicus) की परिकल्पनाएँ सामने आईं। पायथागोरस से प्रभावित होकर क्रोटोना के लगभग दो हजार नागरिकों ने अपनी पारंपरिक जीवनशैली छोड़ कर तीन सौ लोगों की समिति (Council of Three Hundred) के  द्वारा पायथागॉरियन समुदाय का निर्माण किया। इस समिति ने सरकारी, वैज्ञानिक और धार्मिक संस्थान के मार्ग दर्शन से कार्य किया जिसने बाद में मैग्ना ग्रीसिया (Magna Grecia) को बहुत  प्रभावित किया।
10,464

edits